Skip to main content

*नियोजित शिक्षकों का हड़ताल लगातार आज भी रहा जारी, जानिए मांगे नही पूरा होने पर सरकार को उखाड़ फेंकने का क्यों लिया संकल्प*

*नियोजित शिक्षकों का हड़ताल लगातार आज भी रहा जारी, जानिए मांगे नही पूरा होने पर सरकार को उखाड़ फेंकने का क्यों लिया संकल्प*



*दरभंगा*--बिहार राज्य शिक्षक संघर्ष समन्वय समिति के राज्य आह्वान पर  17 फरवरी से आहुत अनिश्चित कालीन हड़ताल के आठवें दिन,आज दिनांक 24 फरवरी 2020 को बहेड़ी प्रखंडाधीन संकुल संसाधन केंद्र घाट कमलपुर में बिहार राज शिक्षक संघर्ष समन्वय समिति प्रखंड इकाई बहेड़ी के अध्यक्ष अनिल कुमार, मोo शाहनवाज आलम, धनंजय कुमार झा, उपदेश कुमार द्वारा समीक्षात्मक बैठक किया गया। बैठक को संबोधित करते हुए श्री अनिल कुमार ने कहा कि बहेरी प्रखंड के कुल 179 विद्यालयों में से 170 विद्यालय में पूर्ण रूप से तालाबंदी हो चुकी है। सरकार बिहार के गरीब छात्र छात्राओं को ध्यान में रखते हुए अविलंब राज्य स्तरीय समन्वय समिति से वार्ता करें और हमारी मांगों को पूरा करे। वही मोo शाहनवाज आलम ने कहा कि जो सरकार शिक्षकों का शोषण करेगी वैसी सरकार को आगामी विधानसभा चुनाव 2020 में उखाड़ फेंकने का काम करेंगे। धनंजय कुमार झा ने कहा कि सरकार की तानाशाही नहीं चलेगी साथ ही उपदेश कुमार ने कहा कि सरकार तुगलकी फरमान लाकर आंदोलन को कमजोर करना चाहती है। बैठक में संकुल समन्वयक मुकेश यादव, संकुलाधीन विद्यालयों के सभी  प्रधानाध्यापक, प्रभारी प्रधानाध्यापक व शिक्षक मौजूद थे। सभी ने एकीकृत होकर आंदोलन को सफल बनाने कि हर संभव प्रयास करने हेतु कृत संकल्पित हुए।

*मोहम्मद हम्माद*/ दरभंगा *B MEDIA*

Comments

Popular posts from this blog

हायाघाट विधानसभा क्षेत्र से चुनाव लडेगी SDPI: नूरुद्दीन जंगी

हायाघाट विधानसभा क्षेत्र से चुनाव लडेगी SDPI: नूरुद्दीन जंगी  (अजहर, रियाज, महबूब, सज्जाद, जावेद, हारून को पार्टी में नई जिम्मेदारी दी गई) सोशल डेमोक्रेटिक पार्टी ऑफ़ इंडिया ने आगामी विधानसभा चुनाव के मद्देनज़र दरभंगा जिले के हायाघाट विधानसभा क्षेत्र के लिए एक समिति का गठन किया है। मौलाना अजहरुल कासमी को इस नवनिर्वाचित समिति के अध्यक्ष के रूप में नामित किया गया है।  मौलाना रियाज-उद-दीन, महासचिव मोहम्मद सज्जाद हुसैनी, सचिव जावेद अख्तर और मोहम्मद महबूब रजा को पद के लिए नामांकित किया गया है, जबकि मोहम्मद हारून को खजिम के पद के लिए नामांकित किया गया है। मोहम्मद अख्तर अली, मोहम्मद जफीर, मोहम्मद कैफ़ी को नामित किया गया   कार्यक्रम की अध्यक्षता एसडीपीई बिहार के उपाध्यक्ष  नूरुद्दीन जंगी ने की, इसके अलावा दरभंगा जिला एसडीपीई अध्यक्ष मुहम्मद दहद, महासचिव इश्तियाक, कोषाध्यक्ष मौलाना एहसान, लोकप्रिय फ्रंट ऑफ इंडिया अंसार और डॉ। शार्क रज़ा शामिल थे।  इसके अलावा सैकड़ों लोग और कार्यकर्ता थे।  मीडिया को सूचित करते हुए, नूरुद्दीन ज़ंगी ने कहा कि एसडीपीई हया घाट विधानसभा क...

सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि कोर्ट के समन और नोटिस ईमेल, फैक्स और इंस्टैंट मैसेजिंग एप्लिकेशन जैसे व्हाट्सएप के जरिए भेजे जा सकते हैं।

सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि कोर्ट के समन और नोटिस ईमेल, फैक्स और इंस्टैंट मैसेजिंग एप्लिकेशन जैसे व्हाट्सएप के जरिए भेजे जा सकते हैं। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि कोर्ट के समन और नोटिस ईमेल, फैक्स और इंस्टैंट मैसेजिंग एप्लिकेशन जैसे व्हाट्सएप के जरिए भेजे जा सकते हैं। "यह हमारे ध्यान में लाया गया है कि नोटिस, सम्मन, विनती की सेवाओं के लिए डाकघरों का दौरा करना संभव नहीं था। उपरोक्त सभी तरह की सेवा ईमेल, फैक्स और अन्य त्वरित संदेशवाहक सेवाओं जैसे व्हाट्सएप और अन्य टेलीफोन मैसेंजर के माध्यम से की जा सकती है। सेवाओं, "शीर्ष अदालत ने कहा। जस्टिस ए एस बोपन्ना और आर सुभाष रेड्डी की पीठ ने कहा, "दो ब्लू टिक्स बताएंगे कि रिसीवर ने नोटिस देखा है।" यह आदेश महामारी के कारण उच्च न्यायालयों और न्यायाधिकरणों में अपील दायर करने की सीमा अवधि बढ़ाने पर सुनवाई के दौरान आया। । #breakingnews   #suprimecort   #whatsapp   #socialsites

लद्दाख झड़प: चीन ने एक लेफ्टिनेंट कर्नल, तीन मेजर सहित 10 जवान रिहा किए

लद्दाख झड़प: चीन ने एक लेफ्टिनेंट कर्नल, तीन मेजर सहित 10 जवान रिहा किए अब तक किसी भारतीय के लापता नहीं होने के दावे किए जा रहे थे, लेकिन अब चीन ने बंधक बनाए भारत के 10 सैनिकों को रिहा किया है। इनमें एक लेफ़्टिनेंट कर्नल और 3 मेजर शामिल हैं। मीडिया रिपोर्टों के अनुसार यह रिहाई गुरुवार शाम को हुई। इन सभी को बीते सोमवार को लद्दाख के गलवान घाटी में चीनी सैनिकों के साथ झड़प में बंधक बना लिया गया था।  1962 में भारत-चीन युद्ध के बाद यह पहली बार है कि चीन ने भारतीय सैनिकों को बंधक बना लिया था। आनन-फानन में दोनों पक्षों के बीच चली बातचीत के बाद लाइन ऑफ़ कंट्रोल यानी एलएसी पर इन्हें भारतीय पक्ष को सौंपा गया। 'द इंडियन एक्सप्रेस' की रिपोर्ट के अनुसार मंगलवार से लेकर गुरुवार तक मेजर जनरल स्तर पर तीन राउंड की बातचीत चली। जब जवानों को सौंपा गया तो उनकी मेडिकल जाँच जैसी औपचारिकताएँ पूरी की गईं। इससे पहले ये दावे किए जा रहे थे कि कोई भी सैनिक या सेना का अफ़सर लापता नहीं है। सेना ने गुरुवार की शाम एक बयान जारी कर पुष्टि की थी कि कोई भी सैनिक लापता नहीं था, जिसका मतलब था कि झड़प में शामिल सभी स...